
राजस्थान सरपंच आरक्षण लॉटरी 2026: जानिए ग्राम पंचायतवार सूची और आरक्षण नियम
राजस्थान में सरपंच आरक्षण लॉटरी 2026 की प्रक्रिया शुरू हो गई है। जानिए अपने गांव की सीट महिला, SC, ST या OBC के लिए आरक्षित हुई या नहीं और लिस्ट देखने की पूरी विधि।

राजस्थान में सरपंच आरक्षण लॉटरी 2026 की प्रक्रिया शुरू हो गई है। जानिए अपने गांव की सीट महिला, SC, ST या OBC के लिए आरक्षित हुई या नहीं और लिस्ट देखने की पूरी विधि।

21 सितंबर के नतीजे: अजमेर में अनामिका शर्मा (43), पाली में नमिता बुबकिया (33), अलवर में सुमनलता अग्रवाल (42), उदयपुर में पारस सिंघवी (55) — चारों भाजपा; बीकानेर में कांग्रेस के अनिल कल्ला। बारां परिषद में आप की सभापति। हर निगम का वोट-गणित।

आयोग की दलवार तालिका से हमारी गणना: 309 में 143 निकाय हंग (4 निगम, 22 परिषद, 117 पालिका), 47 में सबसे बड़ा दल बहुमत से सिर्फ 1 सीट दूर, 13 में निर्दलीय ही सबसे बड़ा समूह। जिलेवार सूची — जयपुर 12, झुंझुनूं 11, सीकर 9। वोट 21 सितंबर 10–2।

भरतपुर नगर निगम में नाम वापसी के अंतिम दिन निर्दलीय विचित्रा सिंह (पूर्व महापौर शिव सिंह भोंट की पत्नी) पीछे हटीं — भाजपा की अनुराधा सिंह (वार्ड 61) अकेली, निर्विरोध महापौर। 65 में 36 निर्दलीय, भाजपा 20; भीलवाड़ा के बाद दूसरा निर्विरोध निगम।

आयोग का कार्यक्रम: जयपुर, जोधपुर, कोटा व सुकेत में महापौर/अध्यक्ष का मतदान 25 सितंबर (10–2), नतीजा उसी दिन। मैदान में: जयपुर कोठारी (भाजपा 78/150) बनाम महावर; जोधपुर मेहता बनाम सोलंकी (45–44, निर्दलीय तय करेंगे); कोटा गोस्वामी (भाजपा 57/100) बनाम सुमन।

भीलवाड़ा नगर निगम की पहली महिला महापौर बनीं भाजपा की जसवंत कंवर — 17 सितंबर को निर्दलीय संतोष कंवर के नाम वापस लेने से निर्विरोध। कांग्रेस ने उम्मीदवार नहीं दिया। 70 वार्डों में भाजपा 45; 21 सितंबर को भीलवाड़ा में मतदान नहीं, उप-महापौर 22 को।

पुनर्मतदान वाले वार्ड 50 का नतीजा भाजपा को — जोधपुर निगम में भाजपा 45, कांग्रेस 44, निर्दलीय 10, RLP 1; बहुमत 51 किसी के पास नहीं। सुकेत पालिका कांग्रेस 11–भाजपा 10। जयपुर-कोटा की गिनती पूरी, दोनों में भाजपा बोर्ड। मेयर चुनाव 25 सितंबर को।

नाम वापसी (18 सितंबर) के बाद 21 सितंबर को 5 निगमों में मेयर का वोट — अलवर, बीकानेर, उदयपुर, अजमेर, पाली; भीलवाड़ा व भरतपुर में भाजपा निर्विरोध। हर निगम के अंतिम उम्मीदवार और बहुमत का गणित। जयपुर, जोधपुर, कोटा में 25 सितंबर को।

14 सितंबर को सिर्फ पार्षद चुने गए। 21 सितंबर (10–2 बजे) को 7 निगमों, 47 परिषदों व 251 पालिकाओं में पार्षद प्रमुख चुनेंगे; उप-प्रमुख 22 को। जयपुर, जोधपुर, कोटा व सुकेत में 25 सितंबर को (उप-प्रमुख 26)। बहुमत का गणित और 6 निगमों में महिला मेयर।

अंतिम तालिका (17 सितंबर): 10,244 वार्ड घोषित — भाजपा 4,182, कांग्रेस 3,619, निर्दलीय 2,273; 166 बोर्ड तय। निगम: जयपुर, कोटा, उदयपुर, भीलवाड़ा भाजपा; बीकानेर कांग्रेस; जोधपुर 45–44; अजमेर-पाली-अलवर-भरतपुर में बहुमत किसी को नहीं।

निकाय की शिकायत का सबसे मजबूत रास्ता राजस्थान संपर्क पोर्टल या 181 है, क्योंकि वहीं से शिकायत नंबर मिलता है और मामला ट्रैक होता है। नगर निगम को आवेदन लिखने का कॉपी करने लायक नमूना, कौन-सा काम किसका है, और सुनवाई न हो तो आगे क्या।

राजस्थान में पार्षद को मासिक वेतन मिलता है या सिर्फ बैठक भत्ता, महापौर-सभापति-अध्यक्ष का मानदेय कितना, "पार्षद निधि" असल में क्या है, और पार्षद के अधिकार व शिकायत का तरीका — सरकारी आदेशों के आंकड़ों के साथ पूरा हिसाब।