जयपुर। ग्रामीण रोजगार की 20 साल पुरानी योजना मनरेगा (MGNREGA) 1 जुलाई 2026 से बंद हो गई है — उसकी जगह अब नया कानून VB-G RAM G (विकसित भारत – गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन, ग्रामीण) लागू है। घबराने की बात नहीं: रोजगार गारंटी खत्म नहीं हुई, बल्कि बढ़ी है — अब 100 की जगह 125 दिन काम की कानूनी गारंटी और राजस्थान में मजदूरी ₹300 प्रतिदिन। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 1–2 जुलाई को राजस्थान में इसकी शुरुआत की — राज्य के लिए इस साल ₹12,636 करोड़ का प्रावधान है। यहां समझिए क्या-क्या बदला और आपको क्या करना है।

🟢 एक लाइन में: नरेगा का नाम व नियम बदले हैं, काम की गारंटी नहीं — अब 125 दिन, ₹300/दिन (राजस्थान), भुगतान हर हफ्ते। पुराना जॉब कार्ड चलेगा, बशर्ते e-KYC करवा ली हो।

क्या बदला — पुराना नरेगा बनाम नया G RAM G

बिंदुपुराना (MGNREGA)नया (VB-G RAM G, 1 जुलाई 2026 से)
काम की गारंटी100 दिन/परिवार/वर्ष125 दिन/परिवार/वर्ष
राजस्थान मजदूरी₹281/दिन (अप्रैल 2025 से)₹300/दिन (राष्ट्रीय न्यूनतम)
भुगतान15 दिन में (अक्सर देरी)साप्ताहिक या मस्टर बंद होने के 15 दिन में
भुगतान का तरीकाबैंक/डाकघर, ABPS वैकल्पिकABPS (आधार-लिंक) अनिवार्य
हाजिरीNMMS ऐप फोटोडिजिटल + फेस-रिकग्निशन
जॉब कार्डपुराने कार्डपुराने कार्ड मान्य, e-KYC जरूरी
खर्च साझेदारीकेंद्र-प्रधानकेंद्र:राज्य 60:40

राजस्थान में लॉन्च — ₹12,636 करोड़

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 1–2 जुलाई 2026 को राजस्थान में योजना की शुरुआत की। राज्य के लिए FY 2026-27 में ₹12,636 करोड़ के प्रावधान की घोषणा लॉन्च के समय की गई (इससे पहले जून में केंद्रीय अंतरिम हिस्सा ₹7,581 करोड़ + राज्य अंश ₹4,000 करोड़ बताया गया था), साथ ही ₹424 करोड़ के विकास कार्य शुरू हुए। राजस्थान की मजदूरी दर राष्ट्रीय न्यूनतम ₹300 पर तय है (सबसे ऊंची दर हरियाणा ₹409)।

मजदूरों के लिए 3 सबसे जरूरी काम

  1. e-KYC करवाएं: पुराना जॉब कार्ड तभी चलेगा जब आधार e-KYC पूरी हो। ग्राम पंचायत/रोजगार सहायक या e-Mitra से करवाएं — पूरी प्रक्रिया यहां
  2. बैंक खाता आधार से लिंक (ABPS) कराएं: अब भुगतान सिर्फ आधार-लिंक खाते में आएगा — पेमेंट अटकने के कारण व समाधान
  3. काम की मांग दर्ज कराएं: 125 दिन का हक तभी मिलेगा जब मांग (फॉर्म-6) दर्ज हो।

क्या पुरानी मजदूरी/बकाया डूबेगा?

नहीं। पुराने कानून (MGNREGA) के तहत हुए काम का रिकॉर्ड व बकाया भुगतान नए सिस्टम में माइग्रेट किया जा रहा है — यह प्रक्रिया 31 दिसंबर 2026 तक चलेगी। बकाया मजदूरी का भुगतान नियमानुसार होगा; अपनी पेमेंट स्थिति जांचते रहें।

🟡 पोर्टल से जुड़ी ज़रूरी बात: पुराना पोर्टल nrega.nic.in अब नए पते nrega.dord.gov.in पर शिफ्ट हो गया है। माइग्रेशन के कारण कई बार पेज देर से खुलते हैं या "File is under process" दिखता है — यह आपकी गलती नहीं है, थोड़ी देर बाद दोबारा खोलें।

ध्यान रखने वाली बातें (ईमानदार आकलन)

  • नए कानून में कृषि-सीजन में 60 दिन तक काम रोकने (pause) का प्रावधान है — यानी खेती के पीक सीजन में नरेगा काम बंद रह सकता है।
  • ABPS अनिवार्यता से जिनकी आधार-सीडिंग अधूरी है, उनका भुगतान अटक सकता है — e-KYC/सीडिंग तुरंत पूरी करें।
  • राजस्थान में सहरिया/कथौड़ी परिवारों को पहले 200 दिन मिलते थे — नए कानून में इसकी निरंतरता पर आधिकारिक स्पष्टीकरण आना बाकी है।

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निष्कर्ष

नरेगा बंद नहीं हुआ — नया और (कागज़ पर) बेहतर होकर VB-G RAM G बन गया है: 125 दिन, ₹300 मजदूरी, साप्ताहिक भुगतान। पर यह सब पाने की शर्त है e-KYC + आधार-लिंक खाता + दर्ज काम-मांग। ये तीन काम करवा लें, और भुगतान/हाजिरी ऑनलाइन जांचते रहें।

स्रोत: VB-G RAM G अधिनियम 2025 (राजपत्र अधिसूचना, प्रभावी 1 जुलाई 2026); ग्रामीण विकास विभाग — nrega.dord.gov.in; राजस्थान सरकार की घोषणाएं (जुलाई 2026); जन सूचना पोर्टल। नियम/दरें समय-समय पर बदल सकती हैं — ताज़ा जानकारी आधिकारिक पोर्टल या ग्राम पंचायत से पुष्टि करें।